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9 महीने तक फंसे रहे अंतरिक्ष यात्रियों को कितना वेतन मिला? जानिए पूरी जानकारी

नासा के अंतरिक्ष यात्री सुनीता “सुनी” विलियम्स और बुच विलमोर हाल ही में पृथ्वी पर लौटे, लेकिन उनकी अंतरिक्ष यात्रा अपेक्षा से कहीं अधिक लंबी हो गई। मूल रूप से कुछ महीनों के लिए योजना बनाई गई यह यात्रा 278 दिन अतिरिक्त खिंच गई। यह देरी बोइंग के स्टारलाइनर अंतरिक्ष यान में तकनीकी खराबी के कारण हुई, जिससे उनकी वापसी बार-बार टलती रही। इस वजह से लोग जानना चाहते हैं कि इस अतिरिक्त समय के लिए इन दोनों अंतरिक्ष यात्रियों को कितना वेतन मिला।

अतिरिक्त समय के लिए कोई ओवरटाइम नहीं मिला

भले ही वे अंतरिक्ष में लगभग 9 महीने तक फंसे रहे, लेकिन उन्हें ओवरटाइम या अतिरिक्त वेतन नहीं दिया गया। नासा ने स्पष्ट किया कि अंतरिक्ष यात्री सरकारी कर्मचारियों की तरह काम करते हैं और उनके वेतन में कोई अतिरिक्त भुगतान नहीं जोड़ा जाता।

“जब नासा के अंतरिक्ष यात्री इंटरनेशनल स्पेस स्टेशन (ISS) पर होते हैं, तो उन्हें नियमित 40 घंटे के कार्य-सप्ताह के आधार पर वेतन मिलता है। उन्हें ओवरटाइम या वीकेंड/हॉलिडे पे नहीं दिया जाता,” नासा ने People Magazine को 19 मार्च को बताया।

नासा के अंतरिक्ष यात्रियों का वेतन कितना होता है?

नासा ने सुनीता (59) और बुच (62) के सटीक वेतन का खुलासा नहीं किया, लेकिन सरकारी कर्मचारियों के वेतनमान (GS-11 से GS-14) के तहत उनकी सैलरी $84,365 से $152,258 (लगभग 70 लाख से 1.27 करोड़ रुपये सालाना) के बीच हो सकती है।

अन्य भत्ते और सुविधाएँ

हालांकि उन्हें ओवरटाइम नहीं मिला, लेकिन अंतरिक्ष यात्रियों को सरकारी यात्रा भत्ते दिए जाते हैं। चूंकि वे आधिकारिक यात्रा पर होते हैं, इसलिए उनके आवास, भोजन और परिवहन का पूरा खर्च नासा द्वारा उठाया जाता है।

इसके अलावा, लंबी अवधि की यात्राओं पर सरकारी कर्मचारियों को दैनिक भत्ता (Per Diem) भी मिलता है। हालांकि, यह राशि काफी कम होती है।

पूर्व अंतरिक्ष यात्री कैडी कोलमैन, जो 2010-2011 में ISS पर थीं, ने The Washingtonian को बताया:

“हर दिन के लिए कुछ डॉलर का दैनिक भत्ता दिया जाता है। मेरे समय में यह सिर्फ $4 (लगभग 330 रुपये) प्रति दिन था।”

लंबी अवधि तक अंतरिक्ष में रहने की चुनौतियाँ

हालांकि नासा के अंतरिक्ष यात्रियों का वेतन अच्छा होता है, लेकिन इतने लंबे समय तक अंतरिक्ष में रहने की कठिनाइयाँ भी बहुत अधिक होती हैं। माइक्रोग्रैविटी (शून्य गुरुत्वाकर्षण) में मांसपेशियाँ कमजोर हो जाती हैं, हड्डियों का घनत्व कम हो जाता है और मानसिक तनाव भी बढ़ सकता है

बोइंग स्टारलाइनर यान में बार-बार खराबी के कारण विलियम्स और विलमोर को महीनों तक ISS पर रहना पड़ा। इस दौरान, उन्होंने वैज्ञानिक अनुसंधान और अन्य महत्वपूर्ण कार्य जारी रखे।

निष्कर्ष

हालांकि सुनीता विलियम्स और बुच विलमोर को 9 महीने अतिरिक्त अंतरिक्ष में रहना पड़ा, फिर भी उन्हें कोई ओवरटाइम नहीं मिला। उनका वेतन सरकारी वेतन संरचना के अनुसार तय किया गया था और अतिरिक्त वित्तीय लाभ केवल यात्रा भत्ते और दैनिक भत्तों तक सीमित था।

उनका समर्पण और धैर्य यह साबित करता है कि अंतरिक्ष यात्रियों को वेतन से अधिक मानसिक और शारीरिक चुनौतियों का सामना करना पड़ता है, जिससे उनका कार्य और भी सराहनीय बन जाता है। 🚀

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